
अयोध्या (Ayodhya) में 16 जनवरी से शुरू हुए प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान का गुरुवार 18 जनवरी को तीसरा दिन है। रामलला गर्भगृह में अपने आसन पर विराजमान हो गए हैं। उनकी स्थापना रामयंत्र पर की गई है। मूर्ति की स्थापना का पूजा करीब 4 घंटे तक चली।
आपको बता दें कि इससे पहले 17 जनवरी को गर्भगृह में स्थापित होने वाली रामलला की 200 किलो वजन की नई मूर्ति को जन्मभूमि मंदिर परिसर लाया गया था। इस दौरान मूर्ति को परिसर भ्रमण कराना था, लेकिन भारी होने के कारण इसकी जगह रामलला की 10 किलो की चांदी की मूर्ति परिसर में घुमाई गई।